होली के अवसर पर शहर में विभिन्न संस्थाओं और संगठनों द्वारा होली मिलन समारोह आयोजित किए गए। इन कार्यक्रमों में लोगों ने एक-दूसरे को गुलाल लगाकर बधाई दी और पुराने मतभेद भुलाने का संकल्प लिया।
कई स्थानों पर सांस्कृतिक संध्या का आयोजन हुआ, जहां लोकगीत और नृत्य प्रस्तुत किए गए। वरिष्ठ नागरिकों ने भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। बच्चों के लिए विशेष प्रतियोगिताएं रखी गईं, जिससे उनका उत्साह दोगुना हो गया।
धार्मिक स्थलों पर विशेष पूजा-अर्चना की गई और शांति एवं समृद्धि की कामना की गई। आयोजकों का कहना है कि ऐसे समारोह सामाजिक समरसता को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
व्यापारिक संगठनों और आवासीय सोसायटियों ने भी सामूहिक कार्यक्रमों का आयोजन किया। इन आयोजनों में विभिन्न वर्गों के लोग शामिल हुए, जिससे सामाजिक एकता का संदेश गया।
होली ने एक बार फिर यह साबित किया कि यह केवल रंगों का त्योहार नहीं, बल्कि दिलों को जोड़ने का अवसर भी है।















